जेल सुधार की अपनी तरह की पहली पहल के तहत बिहार का गृह (जेल) विभाग खाली पड़ी जेल भूमि पर पेट्रोल और डीज़ल पंप खोलने और उनका संचालन कैदियों से कराने की योजना बना रहा है। इस योजना के अंतर्गत लंबे समय से सजा काट रहे और जेल सुधार प्रक्रिया के दायरे में आने वाले कैदियों को इन फिलिंग स्टेशनों के संचालन की जिम्मेदारी दी जाएगी। हालांकि विचाराधीन कैदियों और गंभीर अपराधों में शामिल बंदियों को इस कार्य में शामिल नहीं किया जाएगा। बिहार गृह (जेल) विभाग ने इस संबंध में एक विस्तृत प्रस्ताव तैयार कर मंजूरी के लिए राज्य के वित्त विभाग को भेज दिया है। इसके लिए विधि विभाग से भी सहमति ली जाएगी।
https://mithilanchalnews.in पर प्रकाशित कुछ समाचार विभिन्न समाचार स्रोतों की RSS फ़ीड से स्वचालित रूप से लिए जाते हैं। यह सामग्री संबंधित मूल स्रोत की है और इसकी सत्यता, अद्यतन स्थिति या मौलिकता के लिए हम जिम्मेदार नहीं हैं।
यदि किसी स्रोत या प्रकाशक को कोई आपत्ति हो, तो कृपया हमसे संपर्क करें। हम शीघ्र उचित कार्रवाई करेंगे।
— Mithilanchal News टीम


