अलवर. इंदिरा गांधी स्टेडियम में तीरंदाजी का प्रशिक्षण ले रही डोली मीणा ने नियमित अभ्यास से इस खेल में अनेक मैडल दिलवाए हैं। कोविड-19 लॉकडाउन के दौरान वह दक्षिण कोरियाई संस्कृति और ओलंपिक में उनकी तीरंदाजी में श्रेष्ठता से प्रभावित हुईं। इनका सोचना था कि अगर वे कर सकते हैं, तो मैं भी कर सकती हूँ। यही से शुरु हुआ तीरंदाजी का सफर फिर 9वीं कक्षा में, 13 दिसंबर 2021 से कोच विनोद कुमार सैनी के कुशल प्रशिक्षण ओर जिला खेल अधिकारी अंजना शर्मा के कुशल मार्गदर्शन में डोली ने अपना प्रशिक्षण लिया। जिला स्तर की प्रतियोगिता 3 जुलाई 2022 को नीमराना में आयोजित हुई। उस दिन डोली ने न केवल अपना पहला पदक (कांस्य) जीता, बल्कि अनुशासन, टीम भावना और दृढ़ता के महत्वपूर्ण सबक भी सीखे। हाल ही में डोली मीणा की तीरंदाजी में उपलब्धियों के लिए जिला कलक्टर अलवर व अलवर चैंबर आफ कमर्स एंड इंडस्ट्रीज ने सीएसआर के माध्यम से 2,00,000 रुपए देकर पुरस्कृत किया।अलवर. इंदिरा गांधी स्टेडियम में तीरंदाजी का प्रशिक्षण ले रही डोली मीणा ने नियमित अभ्यास से इस खेल में अनेक मैडल दिलवाए हैं। कोविड-19 लॉकडाउन के दौरान वह दक्षिण कोरियाई संस्कृति और ओलंपिक में उनकी तीरंदाजी में श्रेष्ठता से प्रभावित हुईं। इनका सोचना था कि अगर वे कर सकते हैं, तो मैं भी कर सकती हूँ। यही से शुरु हुआ तीरंदाजी का सफर फिर 9वीं कक्षा में, 13 दिसंबर 2021 से कोच विनोद कुमार सैनी के कुशल प्रशिक्षण ओर जिला खेल अधिकारी अंजना शर्मा के कुशल मार्गदर्शन में डोली ने अपना प्रशिक्षण लिया। जिला स्तर की प्रतियोगिता 3 जुलाई 2022 को नीमराना में आयोजित हुई। उस दिन डोली ने न केवल अपना पहला पदक (कांस्य) जीता, बल्कि अनुशासन, टीम भावना और दृढ़ता के महत्वपूर्ण सबक भी सीखे। हाल ही में डोली मीणा की तीरंदाजी में उपलब्धियों के लिए जिला कलक्टर अलवर व अलवर चैंबर आफ कमर्स एंड इंडस्ट्रीज ने सीएसआर के माध्यम से 2,00,000 रुपए देकर पुरस्कृत किया।
https://mithilanchalnews.in पर प्रकाशित कुछ समाचार विभिन्न समाचार स्रोतों की RSS फ़ीड से स्वचालित रूप से लिए जाते हैं। यह सामग्री संबंधित मूल स्रोत की है और इसकी सत्यता, अद्यतन स्थिति या मौलिकता के लिए हम जिम्मेदार नहीं हैं।
यदि किसी स्रोत या प्रकाशक को कोई आपत्ति हो, तो कृपया हमसे संपर्क करें। हम शीघ्र उचित कार्रवाई करेंगे।
— Mithilanchal News टीम


